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  • जिंदा है जो इज्जत से वो इज्जत से मेरगा!

     21.08.2017
    जिंदा है जो इज्जत से वो इज्जत से मेरगा!

      साठ के दशक में आई मदर इण्डिया फिल्म के गीत जन-जन की जिह्वा पर थे जिसके एक गीत की एक पंक्ति यह भी थी कि जिंदा है जो इज्जत से वो इज्जत से मरेगा............ किंतु देश में जैसा वातावरण बनाया जा चुका है, उसमें ऐसा लगता है कि जिंदा है जो विवादों में वो रातों रात मीडिया में छा जायेगा..... इज्जत से जियेगा.. बुद्धिजीवी कहलायेगा...

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  • कैसे बना था पाकिस्तान! .......27

     07.09.2018
    कैसे बना था पाकिस्तान! .......27

    जिन्ना ने कोरा कागज हस्ताक्षर करके जोधपुर नरेश को दे दिया

    16 जुलाई 1947 को वी. पी. मेनन ने इंगलैण्ड में भारत उपसचिव सर पैट्रिक को एक तार दिया कि वायसराय ने मैसूर, बड़ौदा, ग्वालियर, बीकानेर, जयपुर और जोधपुर के प्रतिनिधियों से भारत में विलय के विषय में बातचीत की। उन सबकी प्रतिक्रिया सकारात्मक

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  • अखिल भारतीय गर्दभ संघ का भारतीय नेताओं के नाम खुला ज्ञापन -

     21.08.2017
    अखिल भारतीय गर्दभ संघ का भारतीय नेताओं के नाम खुला ज्ञापन -

    बुरा न मानो होली है!



    गर्दभ जाति का ये अपमान ! नहीं सहेगा हिन्दुस्तान !!



    सारे देश के गधे गुस्से से तमतमाये हुए हैं। यूपी के चुनावी संग्राम में जिस प्रकार गुजरात के गधों की असम्मानपूर्ण चर्चा की गई है यह पूरी वैशाखनंदन जाति का घनघोर अपमान है। जातीय अपमान के इस मुद्दे पर सम्पूर्ण गर्दभ जाति

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  • कैसे बना था पाकिस्तान! .......28

     07.06.2017
    कैसे बना था पाकिस्तान! .......28

    महाराजा ने अपने राज्य का विलय भारत में करने की बात मान ली

    कर्नल केसरीसिंह ने जोधपुर लौटकर प्रधानमंत्री सी. एस. वेंकटाचार को तथ्यों से अवगत करवाया। षड़यंत्र की गंभीरता को देखकर वेंकटाचार ने 6 अगस्त 1947 को बीकानेर राज्य के प्रधानमंत्री सरदार पन्निकर के पास पत्र भिजवाया। पत्र में ल

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  • रणथंभौर की रानियां

     06.06.2017
    रणथंभौर की रानियां

    रणथम्भौर के बाघ राजस्थान में प्रथम बाघ परियोजना सवाईमाधोपुर जिले के रणथम्भौर क्षेत्र में वर्ष 1973 में हुई थी। बाघ इससे पहले भी अनादि काल से इस क्षेत्र में रहते आये हैं। जब दुनिया से बाघ समाप्त होने लगे तो विश्व भर के पर्यटक बाघों को देखने के लिये भारत आने लगे। भारत में बाघों को मुख्य रूप से पूर्वी भारत के सु

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  • कैसे बना था पाकिस्तान! .......29

     07.06.2017
    कैसे बना था पाकिस्तान! .......29

    8 अगस्त 1947 को माउंटबेटन द्वारा भारत सचिव को भेजे गये प्रतिवेदन में कहा गया कि "जोधपुर के प्रधानमंत्री वेंकटाचार ने सूचित किया है कि जोधपुर के युवक महाराजा ने दिल्ली में वायसराय के साथ दोपहर का खाना खाने के पश्चात् यह कहा था कि वे भारतीय संघ में मिलना चाहते हें, परंतु इसके तुरंत बाद ही धौलपुर महाराजा ने जोध

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  • कैसे बना था पाकिस्तान! .......30

     07.06.2017
    कैसे बना था पाकिस्तान! .......30

    सुमनेश जोशी ने जोधपुर से प्रकाशित समाचार पत्र 'रियासती में जोधपुर नरेश के पाकिस्तान में मिलने के इरादे का खुलासा किया -

    16 अगस्त 1947 को लॉर्ड माउंटबेटन द्वारा भारत सचिव को अपना अंतिम प्रतिवेदन भेजा गया जिसके अनुच्छेद 41 में कहा गया- "8 अगस्त को मैंने महाराजा जोधपुर को बुलाया तो वे उ

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  • अखिल भारतीय गर्दभ संघ आपका हार्दिक आभार व्यक्त करता है

     21.08.2017
    अखिल भारतीय गर्दभ संघ आपका हार्दिक आभार व्यक्त करता है

    रिवर्स पोलराइजेशन का ये कमाल, देख ले सारा हिन्दुस्तान !

    यूपी चुनावों में जो ऐतिहासिक परिणाम आये, निःसंदेह इसका सारा श्रेय अखिल भारतीय गर्दभ संघ को जाता है। यदि हम बीच में न आये होते तो यह निर्वाचन इतना रोचक, इतना पवित्र और इतना ऐतिहासिक नहीं हुआ होता। चुनाव तो केवल पांच राज्यों

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  • कैसे बना था पाकिस्तान! .......31

     07.06.2017
     कैसे बना था पाकिस्तान! .......31

    रियासती विभाग के सचिव की कनपटी पर पिस्तौल

    जब 9 अगस्त 1947 को वी. पी. मेनन महाराजा हनवंतसिंह को लेकर वायसराय के पास गये तथा वायसराय के कहने पर मेनन ने महाराजा को विशेष रियायतें देने की बात मान ली तब वायसराय ने मेनन से कहा कि वे महाराजा से प्रविष्ठ संलेख पर हस्ताक्षर करवा लें और वायसरा

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  • ख्यातों के बिना अधूरा है मध्यकालीन राजस्थान का इतिहास

     05.06.2018
    ख्यातों के बिना अधूरा है मध्यकालीन राजस्थान का इतिहास

    डिंगल भाषा में लिखे गये ग्रंथ- प्रबंध, ख्यात, वंशावली, वचनिका, गुटके, बेलि, बात, वार्ता, नीसाणी, कुर्सीनामा, झूलणा, झमाल, छप्पय, कवित्त, गीत तथा विगत आदि नामों से प्राप्त होते हैं। डिंगल गद्य को वात, वचनिका, ख्यात, दवावैत, वंशावली, पट्टावली, पीढि़यावली, दफ्तर, विगत एवं हकीकत आदि के रूप में

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